बिजली विभाग का बिल चुकाने में लापरवाही बरत रहे सरकारी अफसर
विद्युत वितरण कंपनी पूर्व संभाग कार्यपालन यंत्री ने बिल जमा करने के लिए थमाया नोटिस

बिजली विभाग का बिल चुकाने में लापरवाही बरत रहे सरकारी अफसर
विद्युत वितरण कंपनी पूर्व संभाग कार्यपालन यंत्री ने बिल जमा करने के लिए थमाया नोटिस
रीवा। सरकारी विभागों ने तो कम्प्यूटर, कूलर-पंखे-पंप चलाने से लेकर दफ्तरों को रोशन करने के लिए बिजली का उपयोग तो कर लिया। लेकिन अब बकाया बिजली बिल भुगतान करने में अधिकारियों के पसीने छूट रहे हैं। इस तरह के हालात अकेले विद्युत वितरण कंपनी पूर्व संभाग के बने हैं। बार-बार कार्यपालन यंत्री द्वारा सूचित करने के बाद भी जिम्मेदार बिल जमा करने में आनाकानी करते नजर आ रहे हैं। फरवरी माह में भेजे गए नोटिस में कार्यपालन यंत्री ने स्पष्ट करते हुए कहा है कि बकाया बिजली बिल समय अवधि में जमा करें अन्यथा कनेक्शन काटने की कार्रवाई की जाएगी। उल्लेखनीय की बकाया बिजली बिल का अकेले विवरण पूर्व संभाग क्षेत्र का दिया जा रहा है।
यह विभाग बने बिजली कंपनी के कर्जदार विद्युत वितरण कंपनी पूर्व संभाग से लिस्ट अनुसार। स्वास्थ्य विभाग, महिला बाल विकास विभाग, सेवा सहकारी समितियां, बीएसएनएल, फॉरेस्ट विभाग। पुलिस विभाग, उद्यानिकी विभाग, मत्स्य विभाग एवं शिक्षा विभाग शामिल है। विभागों ने तो बिजली विभाग से कनेक्शन तो ले लिया। जहां बिजली की भी भारी भरकम खपत हो रही है। इसके बावजूद भी विभाग के जिम्मेदारों द्वारा बिल चुकाने में कई महीनों से आनाकानी करते आ रहे हैं। जिससे बिजली बिल लगातार बढ़ता जा रहा है। जिसे चुकाने में सरकारी विभागों के पसीने छूट रहे हैं।
इन क्षेत्रों में संचालित संस्थाओं के बिल बाकी उल्लेखनीय की पूर्व विद्युत वितरण संभाग कंपनी क्षेत्र अंतर्गत मनगवां, मनिकवार, गुढ़, गोविंदगढ़, गंगेव,बदलाव व रायपुर कर्चुलियान जेई कार्यालय आते हैं। जहां पर उक्त विभागों के संस्थाओं का संचालन हो रहा है। सूत्रों का दावा है कि इसी तरह के हालात जिले भर में संचालित सरकारी संस्थानों के हैं जिनके बिजली बिल पिछले 3 माह से आज तक नहीं जमा कराए जा सकें।
इन संस्थाओं पर इतना बकाया कार्यपालन यंत्री पूर्व संभाग द्वारा विभाग प्रमुखों को जारी पत्र में उल्लेख करते हुए कहा है कि समय सीमा के अंदर बकाया बिल जमा करवा दें। ऐसे बकाया दारों में नौ विभाग शामिल है। जानकारी अनुसार स्वास्थ्य विभाग की 44 संस्थाओं पर 1988 490 रु बकाया है। पुलिस विभाग की बात करें तो 10 संस्थानों पर 1946 32 रुपए का कर्ज है। मत्स्य विभाग की तीन संस्थानों पर 15138 बकाया है। इसी तरह शिक्षा विभाग की बात करें तो 50 संस्थानों पर 3077 786 रुपए बकाया है। महिला बाल विकास द्वारा संचालित 296 आंगन बाड़ियों पर 2285 844 का बिल है। सहकारिता विभाग की बात करें तो 17 सेवा सहकारी संस्थाओं पर 1355 484 रुपए बिल बकाया है। इसी तरह उद्यानकी की सात संस्थानों पर 33 309 रुपए बाकी है। बीएसएनल की 27 संस्थानों पर 2614563 रुपए तथा वन विभाग की संचालित 15 संस्थानों पर 92038 रुपए बिजली बिल बकाया है।
जारी हुई चेतावनी नोटिस
पूर्व संभाग विद्युत वितरण कार्यपालन यंत्री एसके यादव ने जानकारी देते हुए बताया। स्वास्थ्य विभाग सहित अन्य संस्थाओं के विभाग प्रमुखों को चेतावनी पत्र जारी करते हुए कहा गया है कि समय अवधि में बकाया बिल जमा करवा दें अन्यथा कनेक्शन काटने की कार्रवाई शुरू की जाएगी। जिसकी जवाबदारी स्वयं की होगी।




