Indore:इंदौर में ऑनलाइन गेम में 2800 रुपये हारने पर सातवीं कक्षा के छात्र ने लगा ली फांसी
गेम में 2800 रुपये हारने पर सातवीं कक्षा के छात्र ने लगा ली फांसी

Indore:
इंदौर में ऑनलाइन गेम में 2800 रुपये हारने पर सातवीं कक्षा के छात्र ने लगा ली फांसी
छात्र ने गेमिंग आईडी से अपनी मां का डेबिड कार्ड लिंक कर रखा था। हारी गई राशि कार्ड में से ही कटी थी। छात्र ने इस बात का इतना तनाव ले लिया कि उसने घर में फांसी लगा ली। अब उसके परिजन सदमे में है। छात्र अक्सर मोबाइल पर गेम खेलता था।
इंदौर में अब मोबाइल पर खेले जाने वाले ऑनलाइन गेम बच्चों की मौत की वजह भी बन रहे है। इंदौर में सातवीं कक्षा के छात्र ने सिर्फ इसलिए फांसी लगा ली क्योकि वह गेम में 2800 रुपये हार गया था। वह डर गया था कि जब परिजनों को यह बात पता चलेगी तो वह उसे डांटेगे।
छात्र ने गेमिंग आईडी से अपनी मां का डेबिड कार्ड लिंक कर रखा था। हारी गई राशि कार्ड में से ही कटी थी। छात्र ने इस बात का इतना तनाव ले लिया कि उसने घर में फांसी लगा ली। अब उसके परिजन सदमे में है। छात्र अक्सर मोबाइल पर गेम खेलता था। परिजन उसे मना भी करते थे, लेकिन उसे उसकी आदत लग चुकी थी।
पुलिस के अनुसार एमआईजी क्षेत्र के अनुराग नगर में रहने वाले 13 वर्षीय छात्र आकलन जैन दोपहर में दिखाई नहीं दिया तो दादा ने कमरे में जाकर देखा। वह फांसी के फंदे पर लटका हुआ था। उन्होंने परिजनों को सूचना दी। आकलन को अस्पताल ले जाया गया, लेकिन डाक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। पुलिस ने केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
वाइ-फाई से जुड़ा था मोबाइल फोन
आकलन जिस मोबाइल फोन का इस्तेमाल कर रहा था। उसमें सिमकार्ड नहीं थी। वह घर में लगे वाई फाई से जुड़ा था और छात्र मोबाइल में गेम डाउनलोड कर खेलता था। उसने अपनी मां अपूर्वा का डेबिड कार्ड मोबाइल से लिंक कर रखा था। गेम में पैसा गंवाने के बाद अपूर्वा के पास पैसे कटने का मैसेज भी गया था। छात्र को डर था कि 2800 रुपये की राशि कटने से परिजन नाराज होंगे। इसके चलते उसने फांसी लगा ली। आकलन के पिता की ग्वालटोली क्षेत्र में दुकान है। उनका आटो पार्ट्स बेचने का काम है।




